protein powder :प्रोटीन पाउडर कैसे बनता हैं, प्रोटीन पाउडर लेना चाहते हैं तो जान लीजिये इसके बारे में

अगर आप प्रोटीन पाउडर लेते है या फिर लेना चाहते  है तो आपको इस पोस्ट से जरूर मदत मिलेंगे, दोस्तों जैसे-जैसे फिटनेस इंडस्ट्री बढ़ती जा रही है वैसे-वैसे प्रोटीन पावडर  की मांग भी बढ़ती जा रही है, बाजार में तरह-तरह के सस्ते सप्लीमेंट बिक रहे हैं , इसके साथ-साथ प्रोटीन पाउडर की काला बजारी भी चल रही जिससे कारण  हमारे मन से संसय बना रहता है की कौन सा और किस कम्पनी का प्रोटीन पाउडर खरीदें, हमारे शरीर को इसकी कब जरूरत पड़ती है, हमें कितना प्रोटीन पाउडर  लेना चाहिए, इसके क्या नुकसान हो सकते है, ऐसे कुछ सवालों के बारे में जानेंगे |  
 

प्रोटीन के कार्य 

प्रोटीन एक मैक्रो नूट्रेन्ट होता है  जिसको महिलाएं व मर्द दोनों अपनी आवश्यकता अनुसार ले सकते हैं यह शरीर में फैट लॉस व मसल्स बनाने में मदत करता है प्रोटीन नए टिशू को बनाने और डैमेज हुए टिशू रिपेयर करने के साथ -साथ जरुरी एंजाइम और हॉर्मोन्स के प्रोडक्शन, स्किन, बालों , हड्डियों को मजबूत रखने के लिए बहुत जरुरी होता है|  
 

प्रोटीन पाउडर कैसे बनता है

दोस्तों मार्किट में मिलने वाले ज्यादातर प्रोटीन पाउडर गाय के दूध से बनाये जाते हैं ,इसे बनाने के लिए दूध को फाड़ कर दो हिस्सों में किया जाता है जिसमे मलाई वाले हिस्से से पनीर या केसिन प्रोटीन बनाया जाता है जो निचे बचे हुए पानी जैसी चीज बचती है उसे सुखाकर उससे ही व्हे प्रोटीन बनाया जाता है, लेकिन दोस्तों आपके मन में एक और सवाल उठ रहा होगा की अगर दूध के बचे पानी वाले हिस्से से प्रोटीन बनता है तो हम दूध वाला पानी ही क्यों  न पि लें लेकिन आपको जानकारी के लिए बता दें उस बचे हुए पानी में प्रोटीन की मात्रा बहुत कम होती है आपको एक स्कूप प्रोटीन की जगह कम से कम दो  से ढ़ाई  लीटर पानी पीना पड़ेगा जो की संभव नहीं है| 
 
कम्पनी इस दूध से बचे हुए पानी से प्रोटीन पाउडर बनाती है बचे हुए पानी liquid को मशीनों के द्वारा फ़िल्टर किया जाता है उसके बाद फाइनल प्रोसेस में मिक्रोफिल्ट्रेशन (microfiltration)  मैथड द्वारा इसमें प्रोटीन फैट और कार्बोहाइड्रेड पाउडर के रूप में अलग निकाला जाता है जिसको सूखा कर तरह तरह के फ्लेवर  मिलाये जाते हैं उसके बाद इसे मार्किट में उतरा जाता है|    
 

प्रोटीन पाउडर कितने प्रकार का होता है 

  1. प्रोटीन फैक्ट्रियों से तीन तरह का प्रोटीन पाउडर बनकर निकलता है जिसमें पहला है व्हे प्रोटीन कंसन्ट्रेट जो की सबसे सस्ता होता है क्योंकि इसमें फैट और कार्बोहाइड्रेट की ज्यादा मात्रा में मिला होता है| 
  2.  दूसरा है व्हे प्रोटीन आइसोलेट, इसमें कार्बोहाइड्रेट, फैट कम और प्रोटीन की मात्रा ज्यादा होती है इसलिए इसकी कीमत कंसन्ट्रेट प्रोटीन से ज्यादा होती है| 
  3. व्हे प्रोटीन hydrolyzed , इसमें केवल प्रोटीन होता है क्योंकि  इसमें से फैट और कार्बोहाइड्रेट को निकाल  दिया जाता हैं| 

कौन सा प्रोटीन लेना चाहिए 

 
कई लोगों को नहीं पता होता की कौन सा प्रोटीन कब लेना चाहिए उसको बस यह बताया जाता है की आपको प्रोटीन की आवश्यकता है लेकिन ऐसा नहीं होता, सबसे पहले सवाल यह आता है की आपका  goal उद्देश्य क्या है आप वजन घटाना चाहते है, वजन बढ़ाना चाहते है ,केवल अपने मसल्स बढ़ाना चाहते हैं , या फिर अपने आप को मेंटेन  रखना चाहते हैं| 
 

व्हे प्रोटीन कंसन्ट्रेट  

अगर आपको अपने मसल्स के साथ -साथ वजन बढ़ाना है तो आपके लिए व्हे प्रोटीन कंसन्ट्रेट  एक अच्छा प्रोटीन पाउडर है जो की उचित मूल्यों के साथ-साथ अच्छे ब्रांड  का प्रोटीन मिल जायेगा | 
 

 व्हे प्रोटीन आइसोलेट

जो लोग वजन व फैट को घटना चाहते हैं  उन लोगों के लिए व्हे प्रोटीन आइसोलेट का ही इस्तेमाल करना चाहिए क्योंकि इसमें कार्बोहाइड्रेट और फैट की मात्रा कम होती है जबकि प्रोटीन ज्यादा मात्रा में होता है।
 

व्हे  प्रोटीन hydrolyzed 

यह प्रोटीन हाई क्वालिटी का प्रोटीन होता है जो शरीर  में सबसे जल्दी ऑब्जर्ब होता है, इसलिए यह प्रोटीन सिर्फ उन लोगों के लिए है जो एडवांस लेवल के एथलिट्स , बॉडीबिल्डर्स जैसे लोग इस्तेमाल करते हैं जो किसी कम्पटीशन में हिस्सा लेते हैं, यह प्रोटीन साधारण व्यायाम  करने वाले लोगों को नहीं लेना चाहिए, क्योंकि उनको  इस प्रकार के प्रोटीन की बिल्कूल  जरुरत नहीं पड़ती ।
 

क्या प्रोटीन में केमिकल का इस्तेमाल होता है 

 
व्हे प्रोटीन दुनियां में सबसे अधिक बिकने वाला प्रोटीन है इसलिए इसमें मिलावट के चांस सबसे अधिक हैं आजकल देखा जा रहा है जो ब्रांड सबसे ज्यादा फेमस है उनके नकली प्रोटीन पाउडर बाजारों में धड़ल्ले से  बिक रहे हैं इसकी वजह है लोग प्रोडक्ट की क़्वालिटी नहीं  कीमत की तरफ जाते हैं, ज्यादा सस्ते प्रोटीनों में प्रोटीन की मात्रा को कम करके कंपनियां ऐसे केमिकल का इस्तेमाल करती हैं जो आपके शरीर को बिलकुल जरुरत नहीं होती है, इसलिए प्रोडक्ट की कीमत के साथ-साथ उसकी क़्वालिटी भी देखें।
 

प्रोटीन पाउडर के साइड इफेक्ट 

दोस्तों जैसा की हमने बताया की प्रोटीन दूध के बचे हुए पानी से बनाया जाता है अगर जानवर के दूध और जानवर के चारे में किसी प्रकार की मिलावट कर दी जाये तो प्रोटीन की क़्वालिटी खुद ख़राब हो जाएगी ,जिससे शरीर  को कई नुकसान हो सकते हैं , ज्यादा मात्रा में प्रोटीन लेने से किडनी डैमेज ,चेहरे पर एक्ने ,पिम्पल्स की समस्या हो सकती है अगर कोई व्यक्ति प्रोटीन पहली बार ले रहा है तो उस व्यक्ति को अपच जैसी समस्या हो सकती है, यदि कोई व्यक्ति प्रोटीन पाउडर को सही मात्रा में ले रहा है तो उसको किसी प्रकार का नुकसान नहीं होगा। 
 

किन लोगों को प्रोटीन का इस्तेमाल करना चाहिए 

दोस्तों प्रोटीन हमारे शरीर  में जाने के बाद एमिनो एसिड में टूटता है और इस प्रोसेस में जितना प्रोटीन होगा उसके हिसाब से नाइट्रोजन वेस्ट भी निकलता है जो की फ़िल्टर करने के लिए किडनी यानि हमारे गुर्दे में भेज दिया जाता है लेकिन यहाँ हमारे लिए समझने वाली बात यह है की दूसरे ऑर्गन के मुकाबले किडनी हमारे शरीर  में दो होती हैं और इसलिाए एक सही मात्रा में लिए गए प्रोटीन से निकलने वाले नाइट्रोजन वेस्ट को एक सेहत मंद किडनी आसानी के साथ फ़िल्टर कर लेती है लेकिन इसके लिए यह भी जरुरी है के दिन भर में ढ़ाई से तीन लीटर तक पानी पियें।
 
 
लेकिन साथ- साथ ही यहाँ ध्यान देने वाली यह बात है की जिनकी किड्नी पहले से डैमेज है उनको तब तक प्रोटीन पाउडर का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए जब तक की किड्नी पूरी तरह से ठीक न हो जाये किड्नी की जुडी समस्या में किड्नी को रेस्ट देना जरुरी होता है प्रोटीन पाउडर के इस्तेमाल से किड्नी का काम थोड़ा बढ़ जाता है इसलिए आपकी समस्या को और बढ़ा सकता है ।
 

एक दिन में कितना प्रोटीन लेना चाहिए 

एक सामान्य व्यक्ति को एक ग्राम प्रोटीन पर kg के हिसाब से लेना चाहिए है अगर कोई व्यक्ति 60 किलो का है तो उसको दिन  में कम से कम 60 से 65 ग्राम तक प्रोटीन लेना चाहिए, अगर कोई व्यक्ति जिम जाता है तो उसको प्रोटीन की मात्रा बढ़ाकर 1.5 ग्राम पर kg कर देना चाहिए , लेकिन जरुरी नहीं की आप प्रोटीन की कमी को दूर करने के लिए  प्रोटीन पाउडर के रूप में ही लें, प्रोटीन  पाउडर एक सप्लीमेंट है इसका प्रयोग आप तभी करें  जब आपकी डाइट में प्रोटीन की मात्रा कम हो या खाने से प्रोटीन की मात्रा आप पूरी नहीं कर पा रहें हों, प्रोटीन पाउडर को सहायक प्रोटीन के रूप में इस्तेमाल करना चाहिए।, एक सामान्य व्यक्ति को दिन भर में एक स्कूप प्रोटीन पाउडर लेना चाहिए इससे उसको 24 से 28 ग्राम प्रोटीन मिल जाता है 
 
 
 
 

प्रोटीन पाउडर किस समय लेना चाहिए 

प्रोटीन पाउडर को आप कभी भी ले सकते है लेकिन अगर आप जल्दी और अच्छे परिणाम देखना चाहते हैं तो आपको एक्सरसाइज के एक घंटा पहले या फिर  एक्सरसाइज के आधे घंटे बाद लेना फायदेमंद होता है| 

प्रोटीन पाउडर किसके साथ लेना चाहिए 

दोस्तों प्रोटीन पाउडर फ़ास्ट डाइजेस्टबल होता है इस लिए इसको पानी के साथ लेना चाहिए की यह आसानी के साथ डाइजेस्ट हो जाये , अगर आप व्हे प्रोटीन को दूध के साथ मिलकर पीते हैं तो यह पाचन क्रिया में समय लेता है, अगर आप प्रोटीन पाउडर को दूध के साथ लेना चाहते है तो आप सुबह व रात में ले सकते हैं।
  
 

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